🏰 राजसमंद जिला

राजस्थान का गौरवशाली जिला - संस्कृति, इतिहास और विकास का संगम

📍 राजसमंद के बारे में

राजसमंद जिला राजस्थान राज्य में स्थित है। यह जिला अपनी ऐतिहासिक विरासत, धार्मिक महत्व और प्राकृतिक सौंदर्य के लिए प्रसिद्ध है। जिले का मुख्यालय राजसमंद शहर में है।

4
विधानसभाएं
5+
नगर पालिकाएं
200+
ग्राम पंचायतें
10L+
जनसंख्या
🗺️ पर्यटन स्थल

राजसमंद झील

राजसमंद झील राजस्थान की सबसे बड़ी मानव निर्मित झीलों में से एक है। इसे महाराणा राज सिंह ने 1662 में बनवाया था।

राजसमंद

कुम्भलगढ़ किला

यह किला विश्व धरोहर स्थल है। इसकी दीवार दुनिया की दूसरी सबसे लंबी दीवार मानी जाती है।

कुम्भलगढ़

श्रीनाथजी मंदिर

नाथद्वारा में स्थित यह मंदिर भगवान कृष्ण का प्रसिद्ध मंदिर है।

नाथद्वारा

हल्दीघाटी

यह ऐतिहासिक स्थल महाराणा प्रताप और अकबर के बीच 1576 में हुए युद्ध के लिए प्रसिद्ध है।

नाथद्वारा के पास
🏛️ चार विधानसभाएं
🏙️

राजसमंद

जिला मुख्यालय, राजसमंद झील के किनारे स्थित

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नाथद्वारा

श्रीनाथजी मंदिर के लिए विश्व प्रसिद्ध तीर्थस्थल

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कुम्भलगढ़

विश्व धरोहर कुम्भलगढ़ किले का घर

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भीम

प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक महत्व का क्षेत्र

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👤 स्थानीय विधायक
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राजसमंद विधानसभा
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नाथद्वारा विधानसभा
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कुम्भलगढ़ विधानसभा
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भीम विधानसभा

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🏛️ सांसद (लोकसभा सदस्य)
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राजसमंद लोकसभा क्षेत्र
कार्यकाल: 2024 – 2029
लोकसभा सांसद
लोकसभा क्षेत्र के बारे में
4
विधानसभा क्षेत्र
17वीं
लोकसभा
राजसमंद लोकसभा क्षेत्र में राजसमंद, नाथद्वारा, कुम्भलगढ़ और भीम विधानसभा क्षेत्र शामिल हैं। यह क्षेत्र राजस्थान के अरावली अंचल में स्थित है।

नोट: सांसद की जानकारी अपडेट करने के लिए admin से संपर्क करें।

🏢 जिला अधिकारी
जिला कलेक्टर
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पुलिस अधीक्षक (SP)
नाम यहाँ
CEO, जिला परिषद
नाम यहाँ
🏘️ नगर पालिकाएं
राजसमंद नगर पालिका
नाथद्वारा नगर परिषद
भीम नगर पालिका
कांकरोली नगर परिषद
रेलमगरा नगर पालिका
🏡 ग्रामों की सूची

गाँवों की जानकारी admin पैनल से जोड़ी जा सकती है। सूची देखें

राजसमंद क्षेत्र के प्रमुख मंदिर

द्वारिकाधीश मंदिर, कांकरोली
द्वारिकाधीश मंदिर, कांकरोली
Dwarikadheesh Temple, Kankroli

द्वारिकाधीश मंदिर राजसमंद झील के किनारे स्थित है। यह वल्लभ संप्रदाय का प्रमुख पीठ है और भगवान श्री कृष्ण को समर्पित है। यह मंदिर 17वीं शताब्दी में निर्मित हुआ था और राजसमंद जिले का सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल माना जाता है।

दर्शन समय
मंगला दर्शन 7:15 AM
श्रृंगार दर्शन 8:30 AM
ग्वाल दर्शन खुलना अनिश्चित
राजभोग दर्शन 11:30 AM
श्रीनाथजी मंदिर, नाथद्वारा
श्रीनाथजी मंदिर, नाथद्वारा
Shreenath Ji Temple, Nathdwara

नाथद्वारा स्थित श्रीनाथजी मंदिर राजस्थान के सबसे प्रसिद्ध वैष्णव तीर्थों में से एक है। यहाँ भगवान श्रीकृष्ण की 7 वर्षीय बालरूप में पूजा होती है। प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु यहाँ दर्शन के लिए आते हैं।

दर्शन समय
मंगला दर्शन 5:45 AM
श्रृंगार दर्शन 7:30 AM
ग्वाल दर्शन खुलना अनिश्चित
राजभोग दर्शन 11:15 AM
चतुर्भुज मंदिर, चारभुजा
चतुर्भुज मंदिर, चारभुजा
Charbhuja Temple, Charbhuja

चारभुजा मंदिर राजसमंद जिले के गढ़बोर गाँव में स्थित है। यह मंदिर भगवान विष्णु के चतुर्भुज रूप को समर्पित है। यहाँ लगने वाला वार्षिक मेला बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है।

दर्शन समय
दैनिक दर्शन 5:00 AM – 10:00 PM
एकलिंगजी मंदिर, उदयपुर
एकलिंगजी मंदिर, उदयपुर
Eklingi Temple, Udaipur

एकलिंगजी मंदिर उदयपुर से 22 किमी उत्तर में स्थित है। यह मेवाड़ के महाराणाओं का कुलदेवता मंदिर है। भगवान शिव को समर्पित इस मंदिर की स्थापना 734 ई. में बप्पा रावल ने की थी।

दर्शन समय
प्रातः दर्शन 4:30 AM – 7:00 AM
मध्याह्न दर्शन 10:30 AM – 1:30 PM
संध्या दर्शन 5:00 PM – 7:30 PM
मंगला आरती 4:30 AM
श्रृंगार आरती 7:00 AM
राजभोग आरती 12:00 PM
संध्या आरती 7:00 PM
सांवरिया सेठ मंदिर, चित्तौड़गढ़
सांवरिया सेठ मंदिर, चित्तौड़गढ़
Sawariya Seth Temple, Chittorgarh

सांवरिया सेठ मंदिर चित्तौड़गढ़ जिले के मंडफिया गाँव में स्थित है। यह भगवान श्रीकृष्ण का अत्यंत प्रसिद्ध मंदिर है जहाँ देशभर से श्रद्धालु आते हैं। मान्यता है कि यहाँ माँगी गई हर मनोकामना पूरी होती है।

दर्शन समय
प्रातः दर्शन 5:30 AM – 12:00 PM
संध्या दर्शन 2:30 PM – 11:00 PM
मातृकुंडिया मंदिर, चित्तौड़गढ़
मातृकुंडिया मंदिर, चित्तौड़गढ़
Matrikundiya Temple, Chittorgarh

मातृकुंडिया मंदिर चित्तौड़गढ़ जिले में चंद्रभागा नदी के तट पर स्थित है। इसे राजस्थान का हरिद्वार भी कहा जाता है। यहाँ पितृ पक्ष में श्राद्ध कर्म के लिए विशेष भीड़ होती है।

दर्शन समय
दैनिक दर्शन प्रातः से संध्या तक